प्रदेश सरकार का बजट विकास की रफ्तार को देगा नई गति – मंत्री गजेन्द्र यादव

दुर्ग। प्रदेश के वित्त मंत्री ओपी चौधरी द्वारा छत्तीसगढ़ विधानसभा में प्रस्तुत वर्ष 2026-27 का बजट प्रदेश के सर्वांगीण विकास का मार्ग प्रशस्त करने वाला है। लगभग ₹1 लाख 72 हजार करोड़ के इस ऐतिहासिक बजट को “संकल्प थीम” के साथ प्रस्तुत किया गया है, जो संवेदनशील, जवाबदेह और दूरदर्शी सरकार की सोच को दर्शाता है।

शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव ने कहा कि यह बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि हर वर्ग—किसान, युवा, महिला, विद्यार्थी, कर्मचारी और व्यापारी—के सपनों को साकार करने का संकल्प है। विशेष रूप से दुर्ग जिले को अनेक महत्वपूर्ण सौगातें मिली हैं, जो शहर के शैक्षणिक, स्वास्थ्य और अधोसंरचनात्मक विकास को नई ऊंचाई देंगी।

उल्लेखनीय है कि दुर्ग विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत जेल तिराहा से महाराजा चौक होते हुए मिनीमाता चौक तक प्रस्तावित फोरलेन सड़क निर्माण का कुछ ही दिन पूर्व भूमिपूजन किया गया था। जो लंबे समय से क्षेत्रवासियों की प्रमुख मांग रही है, जिससे बढ़ते यातायात दबाव को कम करने में महत्वपूर्ण मदद मिलेगी।
आज प्रदेश के वित्त मंत्री द्वारा विधानसभा में प्रस्तुत बजट में महाराजा चौक पर लगभग ₹3 करोड़ की लागत से फ्लाईओवर निर्माण को भी स्वीकृति प्रदान की गई है। यह निर्णय क्षेत्र के समग्र और सुव्यवस्थित विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। फ्लाईओवर के निर्माण से आवागमन पहले से सुरक्षित और सुगम होगा।
व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। आम नागरिकों, विद्यार्थियों एवं व्यापारियों को समय की बचत होगी। यह निर्णय दुर्ग के विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है और निश्चित रूप से क्षेत्रवासियों के लिए दीर्घकालीन लाभकारी सिद्ध होगा।
*दुर्ग को मिली प्रमुख सौगातें* -
0 दुर्ग के महाराजा चौक में ₹3 करोड़ की लागत से फ्लाईओवर निर्माण।
0 मुख्यमंत्री सड़क सुगम योजना अंतर्गत प्रदेश में 36 सड़कों का निर्माण, जिससे दुर्ग सहित क्षेत्रीय कनेक्टिविटी मजबूत होगी।
0 भिलाई में ₹10 करोड़ की लागत से व्यवसायिक परिसर का निर्माण।
0 इन योजनाओं से दुर्ग में यातायात सुगमता, व्यापारिक गतिविधियों में वृद्धि और शहरी विकास को नई गति मिलेगी।
*शिक्षा के क्षेत्र में ऐतिहासिक प्रावधान*
0 दुर्ग के कन्या महाविद्यालय का उन्नयन एवं ₹3 करोड़ से सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित किया जाएगा।
0 जीएनएम प्रशिक्षण केंद्र से स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने दुर्ग में जीएनएम प्रशिक्षण केंद्र की स्थापना।
0 दुर्ग में छत्तीसगढ़ इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (CGIT) की स्थापना।
*शिक्षा विभाग को सर्वाधिक ₹22 हजार करोड़ से अधिक का प्रावधान*
0 प्रदेश सरकार का स्पष्ट संकल्प है कि कोई भी विद्यालय भवन विहीन न रहे और हर विद्यार्थी को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिले इसके लिए 150 विद्यालयों के लिए ₹100 करोड़ की घोषणा। 500 प्राथमिक, 100 मिडिल, 50 हाई एवं 50 हायर सेकेंडरी स्कूल भवनों हेतु ₹123 करोड़ का प्रावधान।
0 प्रदेश के विभिन्न जिलों में 100 करोड़ की लागत से नए मॉडल विद्यालय।
0 बोर्ड टॉपर विद्यार्थियों को प्रतिष्ठित शिक्षा संस्थानों का भ्रमण।
0 सभी नालंदा परिसरों में एजुकेशन एवं करियर काउंसिलिंग व्यवस्था।
0 जिला स्तर पर किराए के मकान में रहकर पढ़ने वाले उत्कृष्ट विद्यार्थियों को किराया अनुदान।
प्रदेश का पहला होम्योपैथी कॉलेज रायपुर में स्थापित किया जाएगा।
शिक्षा, ग्रामोद्योग एवं विधि-विधायी मंत्री गजेन्द्र यादव ने कहा कि यह बजट दुर्ग सहित पूरे प्रदेश के संतुलित विकास का सशक्त रोडमैप है। शिक्षा, स्वास्थ्य, अधोसंरचना और महिला सशक्तिकरण पर विशेष फोकस यह दर्शाता है कि राज्य सरकार एक संवेदनशील एवं जनहितैषी सरकार है, जो हर वर्ग के जीवन स्तर को ऊंचा उठाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि यह बजट ‘सबका साथ, सबका विकास’ की भावना को साकार करते हुए ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के बीच संतुलन स्थापित करेगा तथा युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर सृजित करेगा। मंत्री श्री यादव ने विश्वास व्यक्त किया कि योजनाओं के पारदर्शी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन से दुर्ग विकास की नई पहचान स्थापित करेगा और छत्तीसगढ़ प्रगति की नई ऊंचाइयों को स्पर्श करेगा।