आईडीबीआई बैंक फर्जीवाड़ा: दो और आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर भेजे गए जेल

आईडीबीआई बैंक फर्जीवाड़ा: दो और आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर भेजे गए जेल

रायपुर (ग्रामीण)। आईडीबीआई बैंक में फर्जीवाड़ा मामले में धरसींवा पुलिस ने कार्रवाई तेज करते हुए दो और आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। यह कार्रवाई सभी कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए की गई।

जानकारी के अनुसार, 5 मार्च 2026 को सिलतरा निवासी प्रार्थी नरेन्द्र कुमार वर्मा (38 वर्ष) ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके बैंक लेन-देन में फर्जी दस्तावेज और काउंटर पावती का दुरुपयोग किया गया है। इस पर थाना धरसींवा में धारा 420 भादवि के तहत अपराध क्रमांक 124/2026 दर्ज कर जांच शुरू की गई। विवेचना के दौरान पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर प्रार्थी और गवाहों के बयान दर्ज किए। साथ ही जप्त दस्तावेजों में एफडी पेपर, बैंक की काउंटर रसीद, म्यूचुअल बॉन्ड पेपर और आईडीबीआई बैंक शाखा चरोदा से प्राप्त रिपोर्ट के आधार पर मामले में धारा 467, 468 और 471 भी जोड़ी गई।

जांच के दौरान पुलिस ने 27 मार्च 2026 को दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया। इनमें तोप सिंह वर्मा (49 वर्ष), निवासी कुम्ही जिला बेमेतरा, जो वर्तमान में धरसींवा में वर्मा प्रिंटर्स एंड कंप्यूटर दुकान संचालित करता है, तथा बलराम साहू (25 वर्ष), निवासी थाना धरसींवा शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपी फर्जी दस्तावेज तैयार कर आईडीबीआई बैंक की काउंटर रसीद और एफडी पेपर का दुरुपयोग कर रहे थे। मामले में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने बैंक के वास्तविक लेन-देन और म्यूचुअल फंड से जुड़े दस्तावेजों में भी हेरफेर की। गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि यह मामला गंभीर वित्तीय धोखाधड़ी से जुड़ा है और इसमें बैंक व ग्राहकों के विश्वास का दुरुपयोग किया गया है। मामले की जांच अभी जारी है और अन्य संभावित आरोपियों की तलाश की जा रही है।