53 किलो गांजा तस्करी मामले में दो दोषियों को 10-10 साल की सजा, 1-1 लाख रुपये का जुर्माना
बोराई बैरियर पर कार से पकड़ा गया था 53 किलो गांजा, धमतरी पुलिस की मजबूत विवेचना पर अदालत का फैसला, उपनिरीक्षक रामकृष्ण साहू होंगे सम्मानित

धमतरी जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ पुलिस को बड़ी न्यायिक सफलता मिली है। एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज 53 किलोग्राम गांजा तस्करी के मामले में न्यायालय ने दो आरोपियों को दोषी करार देते हुए 10-10 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोनों दोषियों पर एक-एक लाख रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
यह मामला 9 जनवरी 2024 का है। थाना बोराई पुलिस बैरियर नाका पर नियमित वाहन जांच कर रही थी। इसी दौरान ओडिशा की ओर से आ रही कार क्रमांक MP-20-FA-2513 को संदेह के आधार पर रोककर तलाशी ली गई। जांच के दौरान कार की डिक्की और बीच वाली सीट में रखी तीन प्लास्टिक बोरियों से कुल 53 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया।
पुलिस ने कार में सवार दोनों व्यक्तियों से गांजा परिवहन के संबंध में वैध दस्तावेज मांगे, लेकिन वे कोई भी अनुमति या दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। इसके बाद दोनों आरोपियों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपियों की पहचान तोषण विश्वकर्मा उर्फ राजा, निवासी सतना (मध्यप्रदेश) तथा विजय विश्वकर्मा, निवासी रीवा (मध्यप्रदेश) के रूप में हुई।

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 53 किलोग्राम गांजा के अलावा तस्करी में प्रयुक्त कार, दो मोबाइल फोन और नकद राशि सहित करीब 11.10 लाख रुपये की संपत्ति भी जब्त की थी। इसके बाद आरोपियों के विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर विस्तृत विवेचना की गई।
मामले की सुनवाई के दौरान धमतरी पुलिस द्वारा प्रस्तुत वैज्ञानिक साक्ष्य, जब्ती की विधिसम्मत प्रक्रिया तथा जांच से जुड़े दस्तावेजों को न्यायालय ने महत्वपूर्ण माना। मजबूत साक्ष्यों और प्रभावी अभियोजन के आधार पर अदालत ने दोनों आरोपियों को दोषी ठहराते हुए 10-10 वर्ष के सश्रम कारावास और एक-एक लाख रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई।
इस प्रकरण की विवेचना तत्कालीन उपनिरीक्षक रामकृष्ण साहू ने की थी। पुलिस के अनुसार, उनकी सूक्ष्म जांच, साक्ष्य संकलन और पेशेवर विवेचना के कारण अभियोजन पक्ष न्यायालय में अपना पक्ष प्रभावी ढंग से साबित करने में सफल रहा। उत्कृष्ट विवेचना के लिए पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार ने उपनिरीक्षक रामकृष्ण साहू को 500 रुपये के नगद पुरस्कार से सम्मानित करने की घोषणा की है।
