भिलाई की राजनीति को बड़ा झटका, वशिष्ठ नारायण मिश्रा का निधन

56 साल की उम्र में ली अंतिम सांस, पांच बार रह चुके थे नगर निगम पार्षद; 27 अगस्त को रामनगर मुक्तिधाम में होगा अंतिम संस्कार

भिलाई की राजनीति को बड़ा झटका, वशिष्ठ नारायण मिश्रा का निधन

भिलाई। भिलाई की राजनीति और सामाजिक क्षेत्र में लंबे समय तक सक्रिय रहे पूर्व युवक कांग्रेस अध्यक्ष एवं पांच बार के पार्षद वशिष्ठ नारायण मिश्रा का बुधवार को निधन हो गया। वे 56 वर्ष के थे। उनके निधन की खबर मिलते ही राजनीतिक, सामाजिक और कांग्रेस के गलियारों में शोक की लहर दौड़ गई।

वशिष्ठ नारायण मिश्रा ने भिलाई नगर निगम की राजनीति में लंबे समय तक सक्रिय भूमिका निभाई। पांच बार पार्षद के रूप में उन्होंने शहर के स्थानीय मुद्दों को लेकर अपनी सक्रियता दर्ज कराई। इसके अलावा युवक कांग्रेस के अध्यक्ष के रूप में भी उन्होंने संगठन में जिम्मेदारी संभाली।

सहज व्यवहार ने बनाई अलग पहचान

मिश्रा अपने सहज और मिलनसार स्वभाव के लिए लोगों के बीच जाने जाते थे। सार्वजनिक जीवन में लंबे समय तक सक्रिय रहने के कारण राजनीतिक कार्यकर्ताओं के साथ ही सामाजिक क्षेत्र के लोगों से भी उनके संबंध रहे। उनके निधन को भिलाई के राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र के लिए बड़ी क्षति माना जा रहा है। उनके निधन की खबर सामने आते ही राजनीतिक साथियों, समर्थकों और शुभचिंतकों का उनके आवास पर पहुंचना शुरू हो गया। लोगों ने दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि अर्पित की और परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।

27 अगस्त को रामनगर मुक्तिधाम में अंतिम संस्कार

परिजनों के अनुसार, वशिष्ठ नारायण मिश्रा का अंतिम संस्कार 27 अगस्त को रामनगर मुक्तिधाम में किया जाएगा। अंतिम यात्रा में राजनीतिक दलों के नेताओं, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों के पदाधिकारियों, समर्थकों और शुभचिंतकों के बड़ी संख्या में शामिल होने की संभावना है।

राजनीतिक सफर को याद कर भावुक हुए समर्थक

मिश्रा के निधन के बाद उनके राजनीतिक सफर से जुड़े साथी और समर्थक उनके साथ बिताए समय को याद कर भावुक नजर आए। समर्थकों ने कहा कि शहर की राजनीति में उनकी सक्रियता और लोगों से जुड़ने की सहज शैली लंबे समय तक याद की जाएगी।